अवैध शराब परिवहन करने वाले आरोपी का निचली अदालत का सजा का फैसला अपील न्यायालय द्वारा रखा गया स्थिर | Awaidh sharab parivahan karne wale aropi ka nichli adalat ka saja

अवैध शराब परिवहन करने वाले आरोपी का निचली अदालत का सजा का फैसला अपील न्यायालय द्वारा रखा गया स्थिर

अवैध शराब परिवहन करने वाले आरोपी का निचली अदालत का सजा का फैसला अपील न्यायालय द्वारा रखा गया स्थिर

थांदला (शहादत खान) - न्यायालय मीडिया प्रभारी सुश्री सूरज वैरागी द्वारा बताया गया कि दिनांक 29.05.2009 को थांदला तहसील के थाना काकनवानी जिला झाबुआ में मुखबिरी सूचना मिली की एक सफेद रंग की पिकअप में अवैध शराब चरेल गॉव की ओर से गुजरात जा रही है। सूचना पर थाना प्रभारी थाने से हमराह फोर्स सहित मौके पर पहॅुच कर घेराबंदी कर पिकअप महेन्द्रा सफेद रंग GJ 06 Z-8988 में 10 पेटी लगभग 78 लीटर सुपर स्ट्रॉन्ग बीयर विदेशी मदिरा अवैध रूप से गुजरात ले जाते हुए पकडा। उक्त पिकअप को आरोपी छोटू उर्फ वेदप्रकाश चला रहा था, उक्त ज़ब्तशुदा शराब के संबंध में कोई लाईलेंस या परमिट नही होना बताया। आरोपी को गिरफ्तार कर वाहन शराब सहित थाने पर लाया गया तथा आरोपी छोटू उर्फ वेदप्रकाश के विरूद्ध धारा 34 (2),36 एवं 46 म0 प्र0 आबकारी अधिनियम के तहत प्रथम सूचना रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को न्यायालय में पेश कर जेल भेजा गया। अनुसंधान पूर्ण कर अभियोग पत्र न्यायालय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट झाबुआ में पेश किया गया।

विचारण के दौरान मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट झाबुआ द्वारा अभियेाजन की ओर से आयी साक्ष्य के आधार पर आरोपी को दोषी पाते हुए दिनांक 09-09-2016 को आरोपी छोटू उर्फ वेदप्रकाश को धारा 34 (2) के तहत 1 साल का सश्रम कारावास एवं 25000 रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया। आरोपी द्वारा सजा के निर्णय के विरूद्ध जिला एवं सत्र न्यायाधीश झाबुआ में अपील प्रस्तुत की गई थी ।

दिनांक 14-12-2020 को जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री राजेश कुमार गुप्ता द्वारा अपील का निराकरण करते हुए, निचली अदालत द्वारा की गई दोषसिद्धी सही को सही माना तथा यह नही माना जा सकता कि आरोपी को वाहन में शराब रखे जाने की जानकारी नही थी। विचारण न्यायालय द्वारा घोषित दोषसिद्धी एवं दण्‍डादेश का निर्णय हस्तक्षेप योग्य नही माना तथा इस प्रकार विचारण न्यायालय द्वारा दिया गया निर्णय सजा की पुष्टि माननीय न्यायालय द्वारा की गई तथा आरोपी का जेल वारंट बनाकर जेल भेजा गया

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