लोकायुक्त ने डॉक्टर को 11 हजार घूस लेते दबोचा
जबलपुर (संतोष जैन) - रांझी शासकीय अस्पताल के मेडिकल ऑफिसर ने नर्स का कटनी से जबलपुर तबादला करवाने के एवज में मांगे थे 1.25 लाख रुपए, नर्स के पति ने की थी लोकायुक्त में शिकायत, आय से अधिक सम्पत्ति की आशंका पर घर की भी हुई सर्चिंग)
जबलपुर। लोकायुक्त ने मंगलवार दोपहर को रांझी शासकीय अस्पताल में दबिश देते हुए मेडिकल ऑफिसर डॉक्टर शैलेंद्र दीवान को 11 हजार घूस लेते दबोचा। उक्त रकम डॉक्टर दीवान ने कटनी में कार्यरत नर्स का जबलपुर तबादला कराने के एवज में लिए थे। उनकी पत्नी जेडी ऑफिस में डॉक्टर हैं। तबादला के एवज में कुल 1.25 लाख रुपए की मांग की थी। रिश्वत लेते दबोचे गए डॉक्टर के घर की भी लोकायुक्त ने आय से अधिक सम्पत्ति की आशंका में सर्चिंग की। हालांकि टीम को घर की सर्चिंग में कुछ खास नहीं मिला।
लोकायुक्त एसपी से सोमवार को बिलपपुरा कॉलोनी रांझी निवासी दीपक ठाकुर ने शिकायत की थी। दीपक ठाकुर की पत्नी संगीता गोटिया कटनी के कनवारा सेंटर जोवीकलां में नर्स हैं। पत्नी संगीता के जबलपुर स्थानांतरण के लिए दीपक कुछ दिन पहले मेडिकल ऑफिसर डॉक्टर शैलेंद्र से मिला था। डॉ. शैलेंद्र दीवान की डॉ. पत्नी भी जेडी ऑफिस में पदस्थ हैं। पत्नी के माध्यम से ही ट्रांसफर कराने का आश्वासन दिया था। इसके एवज में उसने 1.25 लाख रुपए मांगे cथे। पहली किश्त के तौर पर मंगलवार को 11 हजार रुपए लेकर बुलाया था।
*जाल बिछाकर डॉक्टर को दबोचा*
एसपी ने दीपक और डॉ. दीवान की बातचीत को रिकॉर्ड कराया। इसके बाद मंगलवार दोपहर तीन बजे के लगभग डीएसपी जेपी वर्मा, निरीक्षक ऑस्कर किंडो, आरक्षक अमित गावडे, दिनेश दुबे, विजय सिंह बिष्ट, राकेश विश्वकर्मा की टीम रांझी शासकीय अस्पताल पहुंची। वहां दीपक ठाकुर ने चेम्बर में जैसे ही डॉक्टर दीवान को 11 हजार रिश्वत दिए, टीम ने दबोच लिया।
पैसे फेंक कर किया हंगामा
डॉक्टर रिश्वत की रकम के साथ पकड़े जाने पर हंगामा किया। उसने पैसे तक फेंक दिए। बाद में लोकायुक्त टीम ने सख्ती दिखाई, तब जाकर कार्रवाई आगे बढ़ी। लोकायुक्त ने मौके पर ही भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम का प्रकरण दर्ज करते हुए जमानत दे दी।
*घर की भी हुई सर्चिंग*
रिश्वत में दबोचे जाने के बाद लोकायुक्त डीएसपी दिलीप झरबड़े और उनकी टीम ने डॉ शैलेंद्र दीवान के धनवंतरी नगर स्थित घर की सर्चिंग की। परिवार में डॉक्टर दम्पती के अलावा उनके दो भाई, दो बहनें व मां संयुक्त रूप से रहते हैं। एक भाई भी निजी आयुर्वेद संस्थान में चिकित्सक है। लोकायुक्त ने चार घंटे तक घर की सर्चिंग की। डीएसपी झरबड़े के अलावा सर्चिंग में कुछ खास नहीं मिला। हालांकि उसकी सम्पत्तियों का आंकलन किया जा रहा है। इसके आधार पर ही आगे की कार्रवाई होगी।
*अनिल विश्वकर्मा, एसपी, लोकायुक्त ने बताया कि*
*कटनी में पदस्थ एक नर्स के जबलपुर तबादला के एवज में डॉक्टर ने रिश्वत मांगी थी। रंगे हाथ दबोचे जाने के बाद उनके घर की भी सर्चिंग कराई गई। सम्पत्तियों का आंकलन किया जा रहा है।*
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