दुर्ग; शुद्धता पर शिकंजा: दुर्ग में खाद्य-औषधि विभाग का सघन निरीक्षण अभियान जारी Aajtak24 News

दुर्ग; शुद्धता पर शिकंजा: दुर्ग में खाद्य-औषधि विभाग का सघन निरीक्षण अभियान जारी Aajtak24 News

दुर्ग - जिले में राज्य शासन के निर्देश पर चल रहे 15 दिवसीय सघन जांच अभियान “सही दवा-शुद्ध आहार - यही छत्तीसगढ़ का आधार” के तहत खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने आठवें दिन भी व्यापक निरीक्षण कार्रवाई की। औषधि शाखा द्वारा विशेष रूप से स्वापक एवं मनःप्रभावी औषधियों की जांच के अंतर्गत जिले के आठ थोक औषधि विक्रेताओं का निरीक्षण किया गया। इनमें नियोलिफ लाइफ साइंसेज, टी.एस.व्ही एजेंसीज, श्री सिद्ध विनायक फार्मेसी सहित अन्य प्रतिष्ठानों की क्रय-विक्रय दस्तावेजों की जांच की गई।

निरीक्षण के दौरान फुटकर विक्रेताओं को वितरित की जाने वाली औषधियों का भी सूक्ष्म परीक्षण किया गया। इसके साथ ही राज्य के बाहर से खरीदी जाने वाली दवाओं के रिकॉर्ड का मिलान किया गया ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता पर रोक लगाई जा सके। विभाग ने सभी फर्मों को स्पष्ट निर्देश दिए कि औषधि एवं प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 एवं नियम 1945 का सख्ती से पालन किया जाए, अन्यथा आगे कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

इसी क्रम में खाद्य शाखा ने भी विभिन्न पेय एवं बेवरेज यूनिट्स का निरीक्षण किया। इनमें अग्रवाल बेवरेजेस, शिव शक्ति बेवरेजेस, सरयू बेवरेजेस और अन्य इकाइयों की जांच की गई। निरीक्षण के दौरान संचालकों को साफ-सफाई बनाए रखने, खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन करने और नियमों के उल्लंघन की स्थिति में सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा और किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।

आज तक 24 न्यूज़ के प्रशासन से सवाल

  1. दवा और खाद्य यूनिट्स की नियमित जांच के बावजूद मिलावट या अनियमितता के मामले क्यों सामने आते रहते हैं—क्या सिस्टम में निगरानी कमजोर है?
  2. क्या इस अभियान में पकड़ी गई अनियमितताओं पर अब तक कोई लाइसेंस निलंबन या ठोस दंडात्मक कार्रवाई भी हुई है, या यह केवल चेतावनी तक सीमित है?
  3. राज्य के बाहर से आने वाली दवाओं और खाद्य सामग्री की ट्रैकिंग व्यवस्था कितनी मजबूत है, और क्या इसका डिजिटल ऑडिट सिस्टम मौजूद है?

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