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| नरसिंहपुर में गेहूं खरीदी केंद्रों का औचक निरीक्षण, कलेक्टर ने दिए सुचारू संचालन के निर्देश Aajtak24 News |
नरसिंहपुर - जिले में गेहूं उपार्जन व्यवस्था को सुचारू और पारदर्शी बनाए रखने के उद्देश्य से कलेक्टर रजनी सिंह के निर्देश पर राजस्व अधिकारियों ने विभिन्न खरीदी केंद्रों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने वेयर हाउस और उपार्जन केंद्रों पर पहुंचकर बारदाने की उपलब्धता, तौल व्यवस्था, किसानों की सुविधाएं और स्टोरेज व्यवस्था की विस्तृत जांच की। कई केंद्रों पर व्यवस्थाएं सामान्य और संतोषजनक पाई गईं, जबकि कुछ स्थानों पर तत्काल सुधार भी कराए गए।
पाली वेयर हाउस बीतली में नायब तहसीलदार चंदन तिवारी ने निरीक्षण के दौरान बारदानों की कमी की समस्या को मौके पर ही हल कराया। इसके बाद केंद्र की व्यवस्थाएं सुचारू पाई गईं। करेली क्षेत्र के सीडब्ल्यूसी वेयर हाउस कठौतिया और राधा कृष्ण वेयर हाउस में तहसीलदार पारसनाथ मिश्रा ने निरीक्षण किया। यहां बारदाने पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध पाए गए और किसानों के लिए बैठने, छाया और पेयजल जैसी सुविधाएं संतोषजनक मिलीं।
इसी क्रम में केएनजी वेयर हाउस नरसिंहपुर में नायब तहसीलदार अनु जैन ने किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और केंद्र प्रभारी को हम्मालों की उपलब्धता, तौल व्यवस्था और अन्य सुविधाएं दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। गोटेगांव क्षेत्र के मां रेवा वेयर हाउस बगासपुर में अब तक 31,050 क्विंटल गेहूं की खरीदी की जानकारी सामने आई। वहीं मुंगवानी खरीदी केंद्र पर भी व्यवस्थाएं सामान्य और संतोषजनक पाई गईं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सभी उपार्जन केंद्रों पर किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए लगातार निगरानी जारी रहेगी।
आज तक 24 न्यूज़ के प्रशासन से सवाल
- क्या गेहूं खरीदी केंद्रों पर हर साल बारदाने की कमी जैसी समस्याएं सामने आती हैं, और इसके लिए स्थायी भंडारण योजना क्यों नहीं बनाई जाती?
- कई केंद्रों पर ‘व्यवस्था सुचारू’ बताई जाती है, लेकिन किसानों की वास्तविक शिकायतों का समाधान कितनी तेजी से होता है?
- क्या उपार्जन केंद्रों की मॉनिटरिंग सिर्फ निरीक्षण तक सीमित है, या इसमें डिजिटल ट्रैकिंग और जवाबदेही प्रणाली भी लागू है?
