![]() |
| अशोकनगर; मुख्य सचिव की हाई लेवल मीटिंग में अफसरों की सांसें अटकीं! कानून व्यवस्था से लेकर खाद Aajtak24 News |
अशोकनगर - मध्यप्रदेश के मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने बुधवार को मंत्रालय भोपाल से वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से प्रदेशभर की शासकीय योजनाओं, कानून व्यवस्था और जनहित से जुड़े मुद्दों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में प्रशासनिक व्यवस्थाओं से लेकर किसानों, पेयजल, मिलावटखोरी, साइबर अपराध और सीएम हेल्पलाइन तक कई महत्वपूर्ण विषयों पर सख्त निर्देश दिए गए। अशोकनगर जिले में एनआईसी कक्ष से कलेक्टर श्री साकेत मालवीय, पुलिस अधीक्षक श्री राजीव कुमार मिश्रा सहित जिले के वरिष्ठ अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंस में शामिल हुए।
मुख्य सचिव ने खरीफ सीजन 2026-27 की तैयारियों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को ई-विकास पोर्टल के माध्यम से समय पर और पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि खाद की उपलब्धता में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। साथ ही पशुपालन एवं डेयरी विभाग को दुग्ध उत्पादन बढ़ाने और “क्षीरधारा” ग्रामों के चयन कर लक्ष्यों की पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के क्रियान्वयन, नगरीय विकास कार्यों और सुशासन से जुड़े मामलों की भी समीक्षा हुई। मुख्य सचिव ने नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन और स्वामित्व योजना के लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लोक सेवा गारंटी के आवेदन, जनसुनवाई और सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का समय सीमा में निराकरण होना चाहिए और इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
पेयजल व्यवस्था को लेकर भी मुख्य सचिव ने अधिकारियों को प्रतिदिन समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गर्मी और आगामी वर्षाकाल को देखते हुए पहले से तैयारी रखना जरूरी है। इसके साथ ही जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत चल रहे कार्यों की अद्यतन स्थिति की भी समीक्षा की गई।
मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन ने खाद्य पदार्थों और गेहूं में मिलावट के मामलों पर सख्त रुख अपनाते हुए कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए। कानून व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने, नशे की रोकथाम के लिए जागरूकता शिविर आयोजित करने और जिले में नारकोटिक्स संबंधी नियमित बैठकें आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में साइबर धोखाधड़ी से बचाव के लिए जनजागरूकता बढ़ाने, विस्फोटक अधिनियम का पालन सुनिश्चित कराने, बसों की नियमित चेकिंग, पीएम राहत योजना की प्रगति, राहवीर योजना के प्रचार-प्रसार और जलाशयों में पर्यटकों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी विस्तृत चर्चा हुई। मुख्य सचिव ने सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य कर योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर जोर दिया।
