अब नहीं तो कब पेटलावद क्षेत्र को मिलेगी उच्च स्तरीय सिविल हॉस्पिटल चिकित्सा की सुविधा | Ab nhi to kab petlawad shetr ko milegi uchch stariya civil hospital

अब नहीं तो कब पेटलावद क्षेत्र को मिलेगी उच्च स्तरीय सिविल हॉस्पिटल चिकित्सा की सुविधा

सिविल हॉस्पिटल का दर्जा प्राप्त होने के बावजूद भी पेटलावद तहसील उच्च चिकित्सा के लाभ हेतु अभी भी वंचित

अब नहीं तो कब पेटलावद क्षेत्र को मिलेगी उच्च स्तरीय सिविल हॉस्पिटल चिकित्सा की सुविधा

पेटलावद (संदीप बरबेटा) :- पेटलावद तहसील झाबुआ जिले की सबसे महत्वपूर्ण तहसील मानी जाती है पेटलावद तहसील में लगभग 200 गांव तथा 78 पंचायत है पेटलावद तहसील  में लाखों लोग निवास करते हैं।

अब नहीं तो कब पेटलावद क्षेत्र को मिलेगी उच्च स्तरीय सिविल हॉस्पिटल चिकित्सा की सुविधा

झाबुआ जिले की बड़ी तहसील होने  तथा पेटलावद तहसील सिविल हॉस्पिटल का दर्जा प्राप्त होने के बावजूद भी उच्च चिकित्सा क्षेत्र में अभी भी अभागी  है, पेटलावद का दुर्भाग्य देखिए की पेटलावद में सिविल हॉस्पिटल की बिल्डिंग 100% पूरी हो चुकी है परंतु वैश्विक महामारी कोरोना संक्रमण से ग्रसित  1  वर्ष हो  जाने कोरोना वैक्सीन आने  तथा वर्तमान में कोरोना संक्रमण की भयानक स्थिति निर्मित होने के बावजूद भी आज दिनांक तक  सिविल हॉस्पिटल शुरू नहीं हो पाया है, पेटलावद तहसील में  नहीं तो उच्च चिकित्सा के साधन है और ना ही प्राइमरी चिकित्सा के साधन है  पेटलावद तहसील  में निवासरत जनता को छोटी सी बीमारी होने पर भी रतलाम, इंदौर तथा  गुजरात के दाहोद, बड़ौदा  जाना पड़ता है।

आम जनता का कहना है कि पेटलावद तहसील में निवास करने वाले लोगों को सिविल हॉस्पिटल की सुविधा दी गई है परंतु  उच्च चिकित्सा  का लाभ  पेटलावद  क्षेत्र की जनता को नहीं मिल पा रहा है  वर्तमान समय में कोरोनावायरस महामारी के  विकराल रूप को देखते हुए भी ना तो जिला चिकित्सा प्रशासन और ना ही पेटलावद  चिकित्सा प्रशासन  आम जनता की महत्वपूर्ण मांग की ओर ध्यान दे रहे हैं, आम जनता का कहना है कि चिकित्सा  अभाव में कई लोगों की जान चली गई है, कोरोना महामारी के  कारण लॉकडाउन लगने तथा विकराल रूप  होने पर  क्षेत्र के कई लोगों के कोरोना संक्रमित होने के बावजूद भी अब नहीं तो कब पेटलावद क्षेत्र को मिलेगी,उच्च स्तरीय सिविल हॉस्पिटल चिकित्सा की सुविधा,  इसका उत्तर अभी भी क्षेत्र की जनता को नहीं मिल पा रहा  है।

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