अमानक उर्वरक का विक्रय करने वाले आरोपीगण की अग्रिम जमानत आवेदन निरस्त | Amanak urvak ka vikray karne wale aropigan ki agrim jamanat avedan nirast

अमानक उर्वरक का विक्रय करने वाले आरोपीगण की अग्रिम जमानत आवेदन निरस्त

अमानक उर्वरक का विक्रय करने वाले आरोपीगण की अग्रिम जमानत आवेदन निरस्त

बुरहानपुर (अमर दिवाने) - अति. लोक अभियोजक सुनिल कुरील द्वारा आपत्ति करने पर मा. अपर सत्र न्यायधीश आर.के.पाटीदार बुरहानपुर ने आरोपीगण बबलु  पिता हुकुमचंद भमदरे उम्र 32 वर्ष निवासी राजपुर जिला बडवानी एवं विवेक पिता रामचंद्र राजपूत उम्र 24 वर्ष निवासी गुडगांव हरियाणा की अग्रिम जमानत निरस्त की।

K+S फर्टिलाईजर इंडिया प्रा.लि. द्वारा निर्मित उर्वरक एन.पी.के. 19.19.19 का विक्रय मेसर्स महाजन विक्रय ट्रेडर्स सारोला द्वारा किया जा रहा था। दिनांक 04.07.2020 को मेसर्स महाजन ट्रेडर्स से उक्त उर्वरक का नमूना लेकर कार्यालय उपसंचालक किसान कल्याण तथा कृषि विकास, जिला बुरहानपुर की ओर प्रेषित किया गया था। उक्त नमूना उर्वरक गुण नियंत्रण प्रयोगशाला इंदौर को जांच हेतु भेजा गया था, जिसकी जांच रिपोर्ट में नमूना अमानक स्तर का पाया गया। कंपनी व विक्रेता का उक्त कृत्य उर्वरक (नियंत्रण) आदेश 1985 की धारा 19 (1) (क) का उल्लं‍घन होने से दिनांक 24.02.2021 को आरोपीगण के विरूदध थाना शिकारपुरा के अंतर्गत धारा 3 सहपठित धारा 7 आवश्यक वस्तु  अधिनियम 1955 के अंतर्गत प्रकरण पंजीबदध किया गया। आरोपीगण के अधिवक्ता द्वारा मा. न्यायालय के समक्ष अग्रिम जमानत आवेदन प्रस्तुत किया जिसमे अति. लोक अभियोजक सुनील कुरील द्वारा आपत्ति इस आधार पर ली गई कि उक्त प्रकरण अमानक उर्वरक से संबंधित होकर गंभीर प्रकृति का अपराध है, आरोपीगण  दोनो बुरहानपुर के निवासी नही है, प्रकरण में अभी पुलिस अनुसंधान पूर्ण नही हुआ है यदि आरोपीगण को जमानत का लाभ दिया जाता है तो आरोपीगण के फरार होने, साक्ष्यो के साथ छेडछाड करने की संभावना है साथ ही इस प्रकार के अपराधो में वृद्धि होने की संभावना है, अमानक उर्वरक होने से गरीब किसानो के फसलो के नुकसान होने की संभावना है, इस कारण से आरोपीगण का जमानत आवेदन निरस्त करने का निवेदन किया।

Post a Comment

0 Comments