व्याख्यान श्रंखला में अधीनस्थ न्यायालयों में विचारण की प्रक्रिया एवं आर्ट ऑफ लिविंग पर ऑनलाइन वेबीनार संपन्न हुआ | Vyakhyan shrankhla main adhinasth nyayalayo main vicharan ki prakriya evam art of living pr online

व्याख्यान श्रंखला में अधीनस्थ न्यायालयों में विचारण की प्रक्रिया एवं आर्ट ऑफ लिविंग पर ऑनलाइन वेबीनार संपन्न हुआ

व्याख्यान श्रंखला में अधीनस्थ न्यायालयों में विचारण की प्रक्रिया एवं आर्ट ऑफ लिविंग पर ऑनलाइन वेबीनार संपन्न हुआ

इंदौर (राहुल सुखानी) - शासकीय नवीन विधि महाविद्यालय इन्दौर द्वारा स्वामी विवेकानंद कॅरियर मार्गदर्शन के अधीन एक ऑनलाइन वेबीनार का अयोजन दिनांक 9 जनवरी 2021 को समय प्रातः 10:30 प्रारंभ  होकर दोपहर के 1:00 बजे समापन किया गया  । उक्त वेबीनार  महाविद्यालय के प्राचार्य,  प्रोफेसर नरेंद्र देव जी ( प्रभारी प्राचार्य) द्वारा जानकारी प्रदत्त की गई उक्त ऑनलाइन वेबीनार  कार्यक्रम में अधिक मात्रा में विधि के क्षेत्र में  शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थी  द्वारा  विभिन्न स्थानों से अपनी  उपस्थित  दर्ज करा कर कार्यक्रम में  सहभागिता दी गई  |

व्याख्यान श्रंखला में अधीनस्थ न्यायालयों में विचारण की प्रक्रिया एवं आर्ट ऑफ लिविंग पर ऑनलाइन वेबीनार संपन्न हुआ

श्रीमान नरेंद्र देव जी (प्रभारी प्राचार्य एवं प्रोफेसर शासकीय नवीन विधि महाविद्यालय इंदौर)द्वारा जानकारी देते हुए बताया की  मध्य प्रदेश उच्च शिक्षा विभाग भोपाल द्वारा आयोजित प्राचार्य परीक्षण में उपस्थित होने के कारण ऑनलाइन वेबीनार के मार्गदर्शक  एवं प्रेरणा स्त्रोत   डाॅ इनामुर्रहमान जी ( प्राचार्य, शासकीय नवीन विधि महाविद्यालय इंदौर) 

सम्मिलित नहीं हो सके |  स्वामी विवेकानंद कॅरियर मार्गदर्शन के अधीन ऑनलाइन  वेबीनार का विषय ‘‘ अधीनस्थ न्यायालयों में विचारण की प्रक्रिया एवं आर्ट ऑफ लिविंग ’’ निर्धारित किया गया। 

ऑनलाइन वेबीनार कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य वक्ता के रूप में श्रीमान  मोहम्मद अकरम शेख जी (डी.पी.ओ.जिला न्यायालय इंदौर ) के द्वारा  विद्यार्थियों को जानकारी देते हुए बताया कि   सेशन न्यायालय में दंड प्रक्रिया संहिता के अंतर्गत  प्रक्रिया के सैद्धांतिक और प्रयोगात्मक बिंदु पर प्रकाश डालते हुए बताया कि सेशन  न्यायालय में  मामलों पर विचारण विभिन्न धाराओं में होता है जिसमें धारा 209 , 199(2) , धारा 225 से 237 , 238 से 250 के संबंध में  उद्बोधन देते हुए विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं  को विस्तृत जानकारी देते हुए संतुष्ट किया गया |

ऑनलाइन वेबीनार कार्यक्रम में उपस्थित  द्वितीय मुख्य वक्ता के रूप में श्रीमान निरंजन सिंह पटेल जी  ( आई.ओ.एस.,एप्लीकेशन डेवलपरआर्ट  और  आर्ट ऑफ लिविंग   फैकल्टी एवं योगा परीक्षक) द्वारा अपने उद्बोधन में आर्ट ऑफ लिविंग के संबंध में विद्यार्थियों को विस्तृत रूप से जानकारी प्रदान करते हुए मेडिटेशन को अपने दैनिक जीवन चर्या में शामिल करने का आग्रह किया जिससे कि मन एवं शरीर को स्वस्थ रखने के लिए सार्थक बताया और योग से ही स्वस्थ शरीर में स्वस्थ मस्तिष्क का निर्माण होता है जिससे कि सकारात्मक विचार उत्पन्न होते हैं

वेबीनार कार्यक्रम के संयोजक  प्रोफेसर श्रीमती श्वेता जी जैन एवं श्रीमान सोहेल अहमद वाणी जी (टी.पी.ओ ,स्वामी विवेकानंद करियर मार्गदर्शन योजना ) एवं वेबीनार के  संयोजक  एवं समन्वय अधिकारी प्रोफेसर विपिन कुमार जी मिश्रा द्वारा दोनों मुख्य अतिथियों , प्राचार्य (मार्गदर्शक),  विद्यार्थियों प्राध्यापकगण आदि  का आभार व्यक्त कर , कार्यक्रम का विधिवत समापन किया गया |

Post a Comment

0 Comments