विधानसभा में विधायक रामकिशोर कावरे ने उठाई किसानों की आवाज | Vidhansabha main vidhayak ramkishor kavre ne uthai kisano ki awaz

विधानसभा में विधायक रामकिशोर कावरे ने उठाई किसानों की आवाज

सरकार को चालू हो सभी धान खरीदी केंद्र

विधानसभा में विधायक रामकिशोर कावरे ने उठाई किसानों की आवाज

बालाघाट (देवेन्द्र खरे) - समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू किए गए 2 माह बीतने को जा रहे है लेकिन आज तक जिले में कई खरीदी केंद्र आज भी बंद है। चालू होने की बाट जो रहे है किसान अपनी फसल बेचने के लिए त्राहिमाम-त्राहिमाम हो रहे हैं। बावजूद शासन प्रशासन ने इसकी सुध लेना उचित नहीं समझा। इतना ही नहीं गत वर्ष बेचे गए अपनी ही धान के बकाया 350 रूपए के लिए किसान मारे-मारे फिर रहे हैं। इससे व्यथित होकर परसवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के परसवाड़ा में किसान गत दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे हैं। किंतु हठधर्मिता और उदासीनता की हद हो गई कि शासन-प्रशासन का कोई भी नुमाइंदा की मांगों को पूरा करने नहीं पहुंचा। सरकार की ऐसी नाफरमानी को लेकर परसवाड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक रामकिशोर कावरे ने कल विधानसभा के सत्र में किसानों की जोरदार आवाज बुलंद की। 

प्रदेश सरकार की बेरुखी की मार झेल रहे किसान 

विधानसभा में सरकार को चेताते हुए विधायक कावरे ने कहा कि या बड़ी शर्म की बात है कि अपने आप को किसान हितैषी कहने वाली मध्य प्रदेश की सरकार ने बालाघाट जिले के सैकड़ों किसानों ठगा है। पिछले वर्ष धान खरीदी केंद्रों में बेचे गए धान की 350 रुपए के अंतर की 3 करोड़ 8 लाख की राशि नहीं दी। इस संबंध में विधायक कावरे ने कहा कि किसानों के साथ अनेकों बार आंदोलन कर जिला प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा गया था। बजाय कुछ असर होता ऊपर से अच्छे खासे चल रहे धान खरीदी केंद्रों को भी बंद कर दिया। जिससे किसानों के समक्ष अपने धान को बेचने की समस्या खड़ी हो गई है। आलम ऐसा ही बना रहा तो किसानों कै मजबूरी में औने-पौने दाम पर व्यापारियों को अपनी धान बेचने मजबूर होना पड़ेगा। जिससे प्रदेश सरकार की बेरुखी की मार झेल रहे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान होगा।

जल्द मिले बेचे गए धान का वाजिब दाम

विधानसभा सत्र के शून्यकाल में परसवाड़ा विधायक रामकिशोर कावरे ने अपनी बात रखते हुए कहा कि आज अपने ही बेचे गए धान के वाजिब दाम और बंद खरीदी केंद्र चालू किए जाने को लेकर परसवाड़ा में किसान भूख हड़ताल पर बैठने विवश हो रहा है। जिसमें शंकरलाल बघेल, ओमप्रकाश पटेल अध्यक्ष भारतीय किसान संघ, अशोक कटरे, डिगेन्द्र (सोनू) गौतम और शिशुपाल पटले किसान संगठन प्रमुख रूप से शामिल हैं। इन संघर्षशील किसानों को अपना भरपूर समर्थन देते हुए विधायक कावरे ने कहा की यदि इन किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी हुई तो इसकी संपूर्ण जवाबदेही प्रदेश सरकार की होगी। शासन-प्रशासन का रवैया किसानों के प्रति अगर ऐसा ही निष्ठुर बना रहा तो आगे किसान हित में भीषण संग्राम होगा। लिहाजा विधायक कावरे ने भूख हड़ताल पर बैठे किसानों की न्याय संगत मांगों को अविलंब पूरा करते हुए अंतर की 350 रूपए की राशि सभी किसानों को मुहैया करवाकर बंद धान खरीदी केंद्र चालू किए जाने समेत अन्य समस्याओं का निराकरण करने की हुंकार भरी।

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