झाबुआ लीज जमीन पर अवैध कब्जा | Jhabua leaj zameen pr awedh kabja

झाबुआ लीज जमीन पर अवैध कब्जा


लीज दुकान की हकदार विधवा बाई को बेदखल किया गया

कैसे हो रहा है शासन की लीच जमीन पर निर्माणकार्य व लीज दुकान की बिक्री

लीज जमीन पर बिना अनुमति से निर्माण कार्य एवं लीज जमीन की बिक्री पर सी एम ओ, एम एस डी हुए सख्त

मेघनगर (जिया उल हक क़ादरी) - मेघनगर ग्राम पंचायत से नगर परिषद बने पांच वर्ष पूर्ण होने को हैं. वही नगर में कई वर्षों पूर्व सरसी बाई धर्मशाला को नगर के रहवासियों को व्यपार उन्नति के हिसाब से पंचयात द्वरा धर्मशाला को स्थानीय व्यापारियों को लीज पर दी गई थी।पूर्व में पंचयात लीच जमीन पर उपभोक्ता भंडार की दुकान व सार्वजनिक शौचालय भी थे.. रसूखदारों द्वारा कब्जा कर अवैध दुकान निर्माण कर दी गई।चंद रुपयों के लालच में मोटी चमड़ी वाले व्यापारियों ने लीज की जमीन के ऊपर। बिना प्रमिशन के बहुमंजिला इमारत बनाना प्रारम्भ कर दी।स्थानीय रहवासी स्व.मदनलाल पवार की लीच दुकान पर रसूखदार ने  कब्जा कर लिया और उसके परिवार को बाहर का रास्ता दिखा दिया।

जरा इस मजबूर विधवा महिला शारदा बाई की नम आंखो को देखिए यह महिला सरकारी सिस्टम और अवैध कब्जा धारियों से तंग आकर दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर विधवा शारदा बाई का परिवार बेरोजगारी के आंसू रो रहा है.. शारदा बाई के पति मदनलाल पवार को पंचायत द्वारा पूर्व में सरसी बाई धर्मशाला में ऑटो मैकेनिक की दुकान लीच पर दी गईं थी. लेकिन रसूखदारो ने विधवा बाई की दुकान को हथिया कर विधवा महिला के परिवार की आय का स्त्रोत छीन लिया। विधवा बाई पांचयत द्वरा शिवाय धर्मशाला मैं लीज पर दी गई दुकान  को पुनः चाहती है जिसके लिए कई बार नगर परिषद एवं तहसील के चक्कर लगा चुकी है।

सरसी बाई धर्मशाला पूर्व में पंचायत द्वारा लीज पर दी गई थी। इस कांप्लेक्स में आश्चर्य की बात तो यह है कि एक ही व्यापारी की 4 दुकानें हैं। पूर्व में इस लीच की जमीन पर उपभोक्ता भंडार भी संचालित होता था ।अवैध कब्जा धारियों ने उपभोक्ता भंडार की जमीन को हथिया कर सार्वजनिक शौचालय को भी गायब कर..अवैध कब्जा कर लिया।अब मामला मीडिया में आने के बाद अवैध कब्जा धारियों के खिलाफ नगर परिषद एवं एस.डी.एम का रुख सख्त देखा जा सकता है ।लीज की जमीन पर खरीदी बिक्री एवं अवैध निर्माण करने वालों पर लीज निरस्त कर अवैध निर्माण तोड़ने के आदेश जांच कर दिए जाना है।

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