स्मृति ही नहीं, धैर्य की भी है परीक्षा
कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि कोई भी परीक्षा केवल आपकी याददाश्त का परीक्षण नहीं होती, बल्कि यह आपके धैर्य और कठिन परिस्थितियों में शांत रहने की क्षमता की भी परीक्षा है। उन्होंने छात्रों से कहा कि वे खुद पर अटूट विश्वास रखें और किसी भी प्रकार के तनाव या घबराहट को अपने ऊपर हावी न होने दें। उन्होंने जोर देकर कहा कि ईमानदारी से की गई मेहनत का फल सकारात्मक ही होता है।
इन केंद्रों पर होगी परीक्षा
बालोद जिले में नीट परीक्षा के लिए दो प्रमुख केंद्र बनाए गए हैं:
पीएमश्री जवाहर नवोदय विद्यालय (दुधली)
स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिन्दी माध्यम विद्यालय (दुधली)
नियमों का पालन और ड्रेस कोड अनिवार्य
कलेक्टर ने अभ्यर्थियों को सख्त हिदायत दी है कि वे नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन करें। पारदर्शी और निष्पक्ष परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए परीक्षार्थियों को परीक्षा शुरू होने से 03 घंटे पूर्व केंद्र पर उपस्थित होना अनिवार्य है। साथ ही, निर्धारित ड्रेस कोड और अन्य सुरक्षा मानकों का पालन करना होगा।
पालकों से अपील: बच्चों पर न बनाएं दबाव
कलेक्टर ने केवल छात्रों ही नहीं, बल्कि उनके माता-पिता और अभिभावकों से भी अपील की है। उन्होंने कहा कि इस समय बच्चों को सबसे अधिक प्रोत्साहन की आवश्यकता है। पालकों को चाहिए कि वे अपने बच्चों को किसी भी तरह के मानसिक दबाव से मुक्त रखें और उन्हें समय पर परीक्षा केंद्र पहुँचाने में सहयोग करें।
