| अनूपपुर; मंडल रेल आपदा प्रबंधन टीम एवं राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) द्वारा संयुक्त रूप से मॉक ड्रिल का प्रदर्शन Aajtak24 News |
अनूपपुर - आपदा के समय फ्रंट लाइन स्टाफ,रेल आपदा प्रबंधन टीम एवं स्थानीय नागरिक ही बचाव कार्य में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं,इसी संदर्भ में रेलवे द्वारा अपने फ्रंट लाइन स्टाफ,रेल आपदा प्रबंधन टीम एवं स्थानीय नागरिकों को ट्रेन में होने वाली संभावित दुर्घटनाओं का प्रदर्शन कर उस आपातकालीन स्थिति में किए जाने वाले राहत व बचाव कार्य से संबंधित तरीकों को अभ्यास के माध्यम से प्रदर्शित करते हुए प्रशिक्षण दिये जाने की नियमित व्यवस्था है,इससे वे दुर्घटना के समय किए जाने वाले बचाव कार्य के तरीकों से अपडेट व अभ्यस्थ रहें व कम से कम समय में कुशलतापूर्वक राहत व बचाव कार्य कर सकें,साथ ही दुर्घटना राहत उपकरणों की कार्य पद्धति एवं रेलवे आपदा प्रबंधन टीम की तत्परता व क्रियाशीलता भी परखी जा सके,इसी कडी में दपूमरे बिलासपुर मंडल द्वारा मनेन्द्रगढ़ स्टेशन यार्ड में आज 15 मई को प्रातः10 बजे से सवारी गाड़ी में बम विस्फोट होने के कारण उत्पन्न हुई आपदा से निपटने के लिए किए जाने वाली बचाव व राहत कार्य का प्रदर्शन किया गया,इस प्रदर्शन में मनेन्द्रगढ़ स्टेशन यार्ड के पास स्पेशल ट्रेन चिरमिरी-रीवा के एक स्लीपर कोच में बम विस्फोट होने से 05 यात्रियों की मौत,08 यात्रियों के गंभीर रूप से घायल,07 यात्रियों के सामान्य रूप से घायल होने तथा कोच डिरेल होने और कोच में आग लगने की सूचना प्रसारित की गई,यह अभ्यास प्रदर्शन राष्ट्रीय आपदा मोचन बल NDRF की 11वीं बटालियन,मंडल संरक्षा विभाग,रेल आपदा प्रबंधन टीम ART/ARMV तथा सिविल डिफेंस द्वारा संयुक्त रूप से किया गया,इसमें स्काउट एंड गाइड टीम की भी सक्रिय सहभागिता रही, कोच में संदिग्ध पार्सल पेकेट देखे जाने की सूचना आरपीएफ़ तथा स्थानीय पुलिस विभाग को दी गई, सूचना मिलते ही आरपीएफ़ तथा स्थानीय पुलिस की टीम दलबल के साथ मौके पर पहुंची तथा डॉग स्क्वाड की सहायता से बम होने की पुष्टि करते हुये इसे डिस्पोज किया, इसके साथ ही दुर्घटना राहत यान एवं दुर्घटना राहत चिकित्सा यान (ART/ARME) के साथ मंडल रेल आपदा प्रबंधन टीम एवं राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) टीम तथा फायर ब्रिगेड की टीम द्वारा घटना स्थल पहुँच कर राहत व बचाव कार्य करने की पूरी प्रक्रिया को दिखाया गया,इस दौरान एसइसीएल की माइंस की टीम द्वारा जीरो आक्सीजन क्षेत्र में जो कि धुएं से भरा हुआ कोच था, उसमें से अपने एक्सपर्ट के जरिए बचाव कार्य का प्रदर्शन किया गया, ग्रीन कॉरीडोर बनाकर एम्बुलेंस द्वारा गंभीर रूप से घायल यात्रियों को त्वरित चिकित्सा प्रदान करने के लिए रेलवे अस्पताल पहुंचाया गया | इस दौरान यह बताया गया कि ऐसी आपातकालीन स्थिति में कैसे पीडितों को सुरक्षित बाहर निकाला जाय एवं उनकी सहायता की जाय,साथ ही आग को बुझाने के विभिन्न तरीकों को भी जीवंत रूप में दिखाया गया,इस अभ्यास प्रदर्शन के माध्यम से किसी भी आपदा की स्थिति से निपटने हेतु राहत एवं बचाव कार्यों की गतिविधियों को भी दिखाया गया,इस दौरान सभी विभागों द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया,इस बम विस्फोट के कारण उत्पन्न हुई आपदा से निपटने के लिए किए जाने वाली बचाव व राहत कार्यों के तैयारियों की मानीटरिंग महाप्रबंधक महोदय के मार्गदर्शन में मुख्यालय वार रूम से अपर महाप्रबंधक व विभागाध्यक्षों द्वारा तथा मंडल वार रूम से मंडल रेल प्रबंधक व शाखाधिकारियों द्वारा की गई,साथ ही यात्रियों को घटना की त्वरित व सटीक जानकारी प्रदान करने हेतु मंडल के वाणिज्य विभाग द्वारा मनेन्द्रगढ़, अम्बिकापुर, कोतमा,बिलासपुर, अनूपपुर,उसलापुर, उमरिया,शहडोल सहित सभी प्रमुख स्टेशनों तथा हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए गए,अभ्यास प्रदर्शन के दौरान लगाए गए प्राथमिक उपचार केंद्र,पूछताछ केंद्र, सहायता केंद्र व सभी राहत स्टालों का अधिकारियों द्वारा निरीक्षण किया गया,साथ ही रेलवे के अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा उपस्थित नागरिकों को आपदा के समय की जाने वाली राहत व बचाव कार्यों की जानकारी दी गई, इस अवसर पर स्थानीय मीडिया के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे,इस संयुक्त अभ्यास प्रदर्शनी में संरक्षा विभाग, NDRF, सिविल डिफ़ेंस, स्काउट-गाइड, सेंट जोन्स ऐंबुलेंस, ART स्टाफ, ARME स्टाफ, RPF, वाणिज्य विभाग, चिकित्सा विभाग सहित सभी विभाग के कर्मचारियों द्वारा विशिष्ट योगदान दिया गया,इस अभ्यास प्रदर्शन में अपर मंडल रेल प्रबंधक श्री के श्रीनिवास, वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी श्री साकेत रंजन,वरिष्ठ मंडल यांत्रिक अभियंता श्री दीपक ठाकुर,उप मुख्य संरक्षा अधिकारी श्री आर के देवांगन सहित मुख्यालय व मंडल के सभी संबंधित विभाग के अधिकारी एवं बडी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित थे।