
इंदौर; तीन पटाखा फैक्ट्रियां सील, सुरक्षा में गंभीर लापरवाही पर इंदौर में बड़ी कार्रवाई Aajtak24 News
इंदौर - जिले में पटाखा फैक्ट्रियों और गोदामों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। हाल ही में देवास जिले में हुई पटाखा फैक्ट्री दुर्घटना और बढ़ती गर्मी को देखते हुए कलेक्टर शिवम वर्मा के निर्देश पर पूरे जिले में जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में जिला प्रशासन की टीमों ने विभिन्न क्षेत्रों में पटाखा इकाइयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान सुरक्षा मानकों में गंभीर खामियां पाए जाने पर तीन फैक्ट्रियों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया गया।
सील की गई इकाइयों में लक्ष्मी फायर वर्क एंड इंडस्ट्री (दातोदा), सतनाम फायर वर्क (सिमरोल) और फटका मैन्युफैक्चरिंग (घोसीखेड़ा) शामिल हैं। संयुक्त जांच के दौरान एसडीएम एवं एसडीओपी महू की टीम ने पाया कि इन फैक्ट्रियों में शासन द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा था। साथ ही मजदूरों की सुरक्षा के लिए आवश्यक इंतजाम भी बेहद कमजोर थे।
इसके बाद प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए तीनों इकाइयों को सील कर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जिले में संचालित सभी पटाखा फैक्ट्रियों और गोदामों की जांच लगातार जारी रहेगी और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर इसी तरह की सख्त कार्रवाई की जाएगी।
आज तक 24 न्यूज़ के प्रशासन से सवाल
- क्या पटाखा फैक्ट्रियों में सुरक्षा मानकों की यह कमी पहली बार पकड़ में आई है, या पहले भी निरीक्षणों में अनदेखी होती रही है?
- अगर भीषण गर्मी और हादसों के बाद ही कार्रवाई शुरू होती है, तो क्या यह बताता है कि नियमित निगरानी व्यवस्था कमजोर है?
- सीलिंग की कार्रवाई के बाद क्या इन फैक्ट्रियों के लाइसेंस रद्द करने या स्थायी सख्ती का भी कोई ठोस प्लान है, या मामला केवल अस्थायी कार्रवाई तक सीमित रहेगा?