| सारंगढ़-बिलाईगढ़; सुशासन तिहार शिविर में कार्ड से लेकर इलाज तक सब एक ही छत के नीचे Aajtak24 News |
सारंगढ़-बिलाईगढ़ - प्रदेश में चल रहे ‘सुशासन तिहार 2026’ अभियान के तहत बरमकेला विकासखंड की ग्राम पंचायत हिर्री में आयोजित क्लस्टर स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर में प्रशासन का सीधा संवाद ग्रामीणों के साथ देखने को मिला। शिविर में 20 ग्राम पंचायतों के हजारों ग्रामीणों ने भाग लिया और कुल 505 आवेदन प्राप्त किए गए। शिविर में कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू, जिला पंचायत सीईओ इंद्रजीत वर्मन सहित वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
मौके पर ही बने दस्तावेज, तुरंत मिली सुविधाएं
शिविर की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि नागरिकों को विभिन्न योजनाओं का लाभ मौके पर ही उपलब्ध कराया गया। इनमें आयुष्मान कार्ड, वय वंदन कार्ड, राशन कार्ड, आधार कार्ड और ई-श्रम कार्ड का तत्काल निर्माण शामिल रहा।
इसके साथ ही एग्रीस्टैक पंजीयन, महतारी वंदन योजना की ई-केवाईसी और निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण जैसी सेवाएं भी एक ही जगह उपलब्ध कराई गईं।
स्वास्थ्य, पोषण और महिलाओं पर विशेष फोकस
शिविर में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा गर्भवती महिलाओं की गोदभराई और शिशुओं का अन्नप्राशन भी कराया गया। हितग्राहियों को सुपोषण टोकरी वितरित कर पोषण सुधार पर जोर दिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि इस तरह के शिविरों का उद्देश्य ग्रामीणों को बार-बार दफ्तरों के चक्कर लगाने से बचाना और योजनाओं का लाभ सीधे गांव स्तर पर उपलब्ध कराना है।
शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीण, स्थानीय जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
आज तक 24 न्यूज़ के प्रशासन से सवाल
- यदि सभी सुविधाएं शिविर में ही दी जा सकती हैं, तो क्या इसका मतलब यह है कि सामान्य दिनों में ग्रामीणों को इन्हीं सेवाओं के लिए परेशान होना पड़ता है?
- 505 आवेदन आए, लेकिन कितने मामलों का स्थायी समाधान मौके पर हुआ और कितने केवल पंजीयन तक सीमित रह गए?
- मौके पर कार्ड बनाने और योजनाएं जोड़ने की यह प्रक्रिया क्या स्थायी सिस्टम सुधार है या केवल तात्कालिक “शिविर आधारित समाधान मॉडल” है?