![]() |
| सतना; अब बेटियां भी पहनेंगी वर्दी: सतना में सेना भर्ती के लिए 220 युवाओं की दौड़, 200 का चयन Aajtak24 News |
सतना - सेना में भर्ती होकर देश सेवा का सपना देखने वाले युवाओं के लिए सतना में चल रही ‘शौर्य संकल्प योजना’ नई उम्मीद बनकर सामने आई है। अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग द्वारा संचालित इस योजना के तहत सेना भर्ती प्रशिक्षण के लिए बालक और बालिकाओं की स्क्रीनिंग प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। खास बात यह रही कि बड़ी संख्या में बेटियों ने भी सेना में जाने के लिए उत्साह दिखाया।
दादा सुखेन्द्र सिंह स्टेडियम में आयोजित स्क्रीनिंग टेस्ट के दौरान युवाओं की शारीरिक क्षमता का परीक्षण किया गया। बुधवार को आयोजित बालिकाओं की फिजिकल स्क्रीनिंग में 120 बालिकाओं ने हिस्सा लिया, जिनमें से 100 बालिकाओं का चयन निःशुल्क प्रशिक्षण के लिए किया गया। इससे पहले मंगलवार को आयोजित बालकों की स्क्रीनिंग में 165 युवाओं ने भाग लिया था, जिनमें से 100 युवाओं को चयनित किया गया।
स्क्रीनिंग प्रक्रिया के दौरान डिप्टी कलेक्टर संदीप परस्ते, जिला खेल अधिकारी रितिका दुबे, सहायक संचालक पिछड़ा वर्ग के.के. शुक्ला, खेल अधिकारी एस.पी. तिवारी और सैनिक कल्याण कार्यालय के अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने युवाओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि यह योजना ग्रामीण और पिछड़े वर्ग के युवाओं को सेना भर्ती की बेहतर तैयारी का अवसर दे रही है।
शौर्य संकल्प योजना के तहत चयनित 100-100 बालक एवं बालिकाओं को सेना भर्ती की तैयारी के लिए निःशुल्क आवासीय प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण में शारीरिक अभ्यास, दौड़, मेडिकल फिटनेस और लिखित परीक्षा की तैयारी कराई जाएगी। बालिकाओं का प्रशिक्षण कन्या शिक्षा परिसर सतना में जबकि बालकों का प्रशिक्षण पिछड़ा वर्ग बालक छात्रावास परिसर में 15 मई से शुरू होगा।
प्रशासन का मानना है कि यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के युवाओं के लिए बड़ा अवसर साबित हो सकती है, क्योंकि कई प्रतिभाशाली युवा संसाधनों की कमी के कारण पेशेवर प्रशिक्षण नहीं ले पाते। अब उन्हें मुफ्त आवासीय सुविधा और विशेषज्ञ प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा।
हालांकि, युवाओं के बीच उत्साह के साथ-साथ यह सवाल भी उठ रहा है कि चयनित युवाओं को प्रशिक्षण के बाद वास्तविक भर्ती प्रक्रिया में कितना मार्गदर्शन और अवसर मिलेगा। सेना भर्ती में लगातार बढ़ती प्रतिस्पर्धा को देखते हुए अब सभी की निगाहें इस प्रशिक्षण के परिणामों पर टिकी हैं।
आज तक 24 न्यूज़ के प्रशासन से सवाल
- 200 युवाओं को प्रशिक्षण के लिए चुना गया है, लेकिन क्या प्रशासन के पास ऐसा कोई डेटा है जिससे पता चले कि पिछले वर्षों में इस योजना से प्रशिक्षित कितने युवा वास्तव में सेना में भर्ती हुए?
- सेना भर्ती की तैयारी के लिए निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जा रहा है, लेकिन क्या चयनित युवाओं को आधुनिक सुविधाएं, विशेषज्ञ कोचिंग और मेडिकल तैयारी भी उपलब्ध कराई जाएगी?
- ओबीसी वर्ग के युवाओं के लिए योजना चलाई जा रही है, लेकिन क्या जिले के दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों के गरीब युवाओं तक इसकी जानकारी और पहुंच वास्तव में हो पा रही है?
