अंधविश्वास या करिश्मा पेड़ को छूने से खत्म हो रही बीमारियों पर बना भ्रम
ग्रामीणों ने दिखाई आस्था, बुद्धिजीवियों ने कहा कोरी बकवास
होशंगाबाद के पिपरिया के एक गांव का मामला, अब लोग लौट रहे हैं खाली
आजतक 24 नहीं करता किसी ऐसी खबर की पुष्टि, नागरिक करें स्वविवेक से निर्णय
छिंदवाड़ा - छिंदवाड़ा के जुन्नारदेव विधानसभा क्षेत्र से सटे होशंगाबाद के पिपरिया के नायग्राम गांव के एक करिश्माई पेड़ की व्हाट्सएप पर बहुत चर्चा चल पड़ी थी, जिसके कारण जुन्नारदेव विधानसभा के आदिवासी अंचल से कई लोग उक्त स्थल पर पहुंचना शुरू कर दिए। दरअसल यह वाकया उस समय शुरू हुआ कि जब ग्रामीणों के द्वारा व्हाट्सएप पर इस आशय की पोस्ट लगातार डालनी शुरू कर दी गई। वैसे ही आदिवासी अंचल के भोले-भाले ग्रामीण ऐसे ही अंधविश्वास के शिकार तुरंत हो जाते हैं, यही कारण था कि ग्राम बुर्रीकला सहित आसपास के कई ग्रामीण क्षेत्र के लोगों ने इस करिश्माई पेड़ की ओर दौड़ लगा दी, लेकिन वहां से लौट रहे लोगों के मिश्रित परिणाम मिल रहे हैं, बुद्धिजीवियों का साफ कहना है, कि यह एक संयोग हो सकता है ,हालांकि यह पूरी तरह से कोरी बकवास और अंधविश्वास है। वहीं डिटेल जानकारी के लिए निवासियों के द्वारा उनके व्हाट्सएप मोबाइल नंबर 9406621113, 957331284, 8819919368 से इस आशय की लगातार खबरें प्रसारित की जा रही है।
हमारा यह न्यूज़ पोर्टल आज तक 24 इस खबर की किसी भी तरह की पुष्टि नहीं करता है। इस करिश्माई पेड़ से जुड़े ऐसे किसी भी मामले का संज्ञान लेने के लिए आप उपरोक्त नंबरों पर स्वयं की जिम्मेदारी पर संपर्क कर सकते हैं, हमारी आज तक 24 की टीम ने इसके बारे में जानकारी साफ कर दिया कि ऐसे कई करिश्मा की चर्चा चलती रहती है, और यह अंधविश्वास है, और लोग जल्दी भरोसा करते हैं,, जनता के विश्वास के लिए आम जनता के कह अनुसार ख़बर प्रकाशित करना भी जरूरी होती है, लेकिन जब कई जानकार विशेषज्ञों से हमने इस बारे में जानकारी ली तो उन्होंने साफ इसे एक अंधविश्वास का दर्जा दे दिया।