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| जलजमाव के बीच ट्रांसफार्मर और झूलते तार, गढ़ तिराहे पर मंडरा रहा हादसे का खतरा |
गढ़/रीवा। रीवा-नईगढ़ी मुख्य मार्ग पर ग्राम गढ़, ब्लॉक गंगेव, तहसील मनगवां के तिराहे पर बारिश के बाद जलजमाव की समस्या गंभीर बनी हुई है। स्थानीय लोगों के मुताबिक तिराहे के समीप राजेंद्र सेन के मकान के आसपास बारिश का पानी जमा होकर तालाब जैसी स्थिति बना रहा है। इसी जलजमाव वाले स्थान के पास बिजली का ट्रांसफार्मर स्थापित होने से ग्रामीणों में करंट फैलने और किसी बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हाल ही में जलभराव वाले क्षेत्र में बिजली का एक चालू तार टूटकर गिर गया था। गनीमत रही कि समय रहते लोगों की नजर तार पर पड़ गई और किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। हालांकि, ग्रामीणों के अनुसार ट्रांसफार्मर के आसपास झूलते और ढीले तार अब भी चिंता का कारण बने हुए हैं। मुख्य मार्ग और तिराहा होने के कारण यहां से दिन-रात बड़ी संख्या में राहगीरों, दोपहिया-चारपहिया वाहनों तथा मवेशियों की आवाजाही रहती है।
नाली जुड़ी नहीं, इसलिए जमा हो रहा पानी
ग्रामीणों के अनुसार नली बाजार की ओर से आने वाली नाली को आगे दूसरी नाली से नहीं जोड़ा गया है। इसके कारण बारिश का पानी आगे निकासी नहीं होने से तिराहे के आसपास जमा हो जाता है। नालियों की नियमित सफाई नहीं होने और उचित जल निकासी व्यवस्था के अभाव में हर बारिश के दौरान स्थिति बिगड़ जाती है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि समस्या को लेकर सरपंच सहित संबंधित जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से कई बार शिकायत की गई, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं हो सका है। ग्रामीणों का कहना है कि पूर्व में जलभराव के कारण यहां एक मकान भी क्षतिग्रस्त होकर गिर चुका है, इसके बावजूद समस्या का स्थायी निराकरण नहीं किया गया।
पीडब्ल्यूडी पर भी लगाए आरोप
ग्रामीणों ने सड़क और नाली निर्माण से जुड़े कार्यों को लेकर लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि नाली निर्माण का काम अधूरा या मानक के अनुरूप नहीं किया गया, जिसके कारण पानी की निकासी प्रभावित हो रही है। ग्रामीणों ने निर्माण कार्य और भुगतान की निष्पक्ष जांच की मांग भी उठाई है। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि संबंधित विभाग मौके का निरीक्षण कर नाली निर्माण और जल निकासी की वास्तविक स्थिति की जांच करे, ताकि जिम्मेदारी तय हो सके।
ट्रांसफार्मर के पास सुरक्षा घेरा बनाने की मांग
स्थानीय लोगों ने बिजली विभाग से भी तत्काल कार्रवाई की मांग की है। ग्रामीणों के मुताबिक ट्रांसफार्मर के आसपास सुरक्षा घेरा नहीं होने तथा तारों के ढीले और झूलते रहने से खतरा और बढ़ जाता है। उनका कहना है कि जलभराव के बीच विद्युत उपकरणों की मौजूदगी को देखते हुए सुरक्षा के अतिरिक्त इंतजाम जरूरी हैं। ग्रामीणों ने मांग की है कि ट्रांसफार्मर के आसपास फेंसिंग कराई जाए, ढीले तारों को व्यवस्थित किया जाए और विद्युत लाइन की तकनीकी जांच कराई जाए। साथ ही जलभराव वाले स्थान की निकासी व्यवस्था तत्काल दुरुस्त कर नाली को दूसरी नाली से जोड़ा जाए।
बड़ी दुर्घटना से पहले कार्रवाई की मांग
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में यह स्थान लगातार जोखिम वाला बना हुआ है। यदि जलभराव के दौरान बिजली का तार दोबारा टूटकर गिरता है तो गंभीर हादसा हो सकता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से किसी दुर्घटना का इंतजार किए बिना तत्काल मौके का निरीक्षण कराने और आवश्यक सुरक्षा इंतजाम करने की मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द जल निकासी, नाली निर्माण और बिजली के तारों से जुड़ी समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।
