सागर; सीएम हेल्पलाइन की 50 दिवस से अधिक लंबित शिकायतों पर प्राथमिकता से हो संतुष्टिपूर्ण कार्यवाही

सागर; सीएम हेल्पलाइन की 50 दिवस से अधिक लंबित शिकायतों पर प्राथमिकता से हो संतुष्टिपूर्ण कार्यवाही 

सागर - कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आज कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल की अध्यक्षता में साप्ताहिक समय-सीमा समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कलेक्टर ने विभिन्न विभागों के लंबित प्रकरणों, जनहितैषी योजनाओं और विकास कार्यों की बिंदुवार समीक्षा की। लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के प्रति कड़ा रुख अपनाते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि आम जनता के काम में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।कलेक्टर ने स्वास्थ्य, खाद्य, राजस्व, नगरीय विकास एवं आवास विभाग की 50 दिवस से अधिक लंबित सीएम हेल्पलाइन शिकायतों की गहन समीक्षा की। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि 50 दिनों से अधिक लंबित एक भी शिकायत शेष नहीं बचनी चाहिए। ऐसी सभी शिकायतों को प्राथमिकता से लेते हुए इनका संतुष्टि पूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें। सीएम हेल्पलाइन में एल-वन स्तर पर शिकायतों को अटेंड न करने वाले (Non-attended) अधिकारियों को तत्काल कारण बताओ नोटिस जारी करने तथा एल-टू स्तर पर लापरवाही बरतने वालों पर कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए हैं। इस संबंध में अगली टीएल बैठक में दोबारा समीक्षा की जाएगी। भू-अर्जन के मामलों में तेजीकलेक्टर ने सभी अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को निर्देशित किया कि है वे भू-अर्जन के लंबित मामलों का अतिशीघ्र खुद परीक्षण करें और संतुष्टिपूर्ण निराकरण करते हुए प्रकरणों को बंद कराएं। जल गंगा अभियान की समीक्षा करते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि जल स्रोतों के संरक्षण के लिए जारी इस अभियान के अंतर्गत सभी अपूर्ण कार्यों को आगामी 7 दिनों के भीतर अनिवार्य रूप से पूर्ण करें।आगामी जन कल्याण शिविरों को लेकर निर्देश दिए गए कि सभी क्षेत्रों के एसडीएम और सभी विभागों के विभागाध्यक्ष इन शिविरों में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहेंगे, ताकि जनता की समस्याओं का ऑन-द-स्पॉट निराकरण किया जा सके।पर्यावरण संरक्षण के तहत जिले में 'एवेन्यू प्लांटेशन' (सड़कों के किनारे पौधरोपण), सघन पौधरोपण और बड़े पैमाने पर फलदार पौधे लगाने की कार्ययोजना पर चर्चा की गई साथ ही इस संबंध में लगातार आवश्यक प्रगति लाने के भी निर्देश दिए गए। बैठक में युवाओं के हुनर को निखारने और रोजगार से जोड़ने के लिए जिला कौशल समिति की गतिविधियों पर बात की गई। इसके अंतर्गत युवाओं के प्रवेश रोजगार उन्मुख कोशिश में पंजीयन, प्रवेश, प्लेसमेंट और 'पीएम इंटर्नशिप स्कीम' के तहत पंजीयन बढ़ाने तथा इसके व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए गए।कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने सभी जिला अधिकारियों को सौंपे गए दायित्वों का समय-सीमा में पूरी निष्ठा के साथ निर्वहन करने के निर्देश दिए। 

आजतक 24 के प्रशासन से सवाल

1. कलेक्टर ने कहा है कि 50 दिन से अधिक लंबित एक भी सीएम हेल्पलाइन शिकायत नहीं बचनी चाहिए। यदि यह स्थिति इतनी गंभीर है कि नोटिस और कार्रवाई की नौबत आ रही है, तो वर्तमान में जिले में 50 दिन से अधिक लंबित शिकायतों की वास्तविक संख्या क्या है और इनमें सबसे खराब प्रदर्शन करने वाले विभाग कौन-से हैं?

2. सभी एसडीएम और विभागाध्यक्षों की शिविरों में उपस्थिति अनिवार्य की गई है। क्या इसका मतलब है कि पहले आयोजित शिविरों में वरिष्ठ अधिकारी मौजूद नहीं रहते थे या जनता की शिकायतों का मौके पर समाधान नहीं हो रहा था? ऐसे मामलों में अब तक किस अधिकारी की जवाबदेही तय की गई है?

3. कलेक्टर ने एसडीएम को भू-अर्जन के लंबित मामलों का स्वयं परीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। जिले में ऐसे कितने भू-अर्जन प्रकरण वर्षों से लंबित हैं, और क्या प्रशासन प्रभावित किसानों एवं भूमि मालिकों को हुई आर्थिक हानि या मुआवजा भुगतान में देरी की जिम्मेदारी तय करेगा?

Post a Comment

Previous Post Next Post