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| पटना में 'हैवानियत' की हदें पार: फतुहा रेलवे स्टेशन पर हथियार के बल पर महिला का अपहरण कर गैंगरेप Aajtak24 News |
पटना - पटना से एक चौंकाने वाली और निंदनीय घटना सामने आई है, जिसने एक बार फिर महिला सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। राजधानी पटना के फतुहा रेलवे स्टेशन के पास गाड़ी का इंतजार कर रही एक महिला को दो बदमाशों ने हथियार के बल पर अगवा कर सामूहिक दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। यह घटना मंगलवार रात की है, जिसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो मुख्य आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। ग्रामीण एसपी ने इस भयावह मामले की जानकारी देते हुए बताया कि एक महिला ने फतुहा थाने में शिकायत दर्ज कराई है, जिसमें उसने दो लोगों पर दुष्कर्म का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता के बयान के अनुसार, मंगलवार रात करीब 11:30 बजे वह फतुहा रेलवे स्टेशन के पास अपनी गाड़ी के आने का इंतजार कर रही थी। उसी समय बाइक पर सवार दो व्यक्ति मौके पर पहुंचे और पीड़िता के साथ मारपीट करने लगे। बदमाशों में से एक ने पिस्टल निकालकर महिला पर तान दी, जिसके कारण वह भयभीत हो गई और विरोध करने की हिम्मत नहीं जुटा पाई।
आरोपितों ने पीड़िता को जबरन अपनी बाइक पर बैठाया और उसे फतुहा रेलवे स्टेशन के पास ही स्थित एक अनजान और सुनसान कमरे में ले गए। वहां दोनों आरोपितों ने उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। पीड़िता ने बताया कि इस जघन्य कृत्य के बाद बदमाशों ने उसे गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी, ताकि वह इस घटना की जानकारी किसी को न दे सके। हालांकि, पीड़िता ने अपराधियों की धमकियों से न डरते हुए, अपने साथ हुई इस अमानवीय घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी। घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया और तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने बिना समय गंवाए सक्रियता दिखाते हुए छापेमारी की और फतुहा रेलवे कॉलोनी निवासी सोनू कुमार तथा फतुहा के मोहम्मदपुर गांव निवासी निरंजन कुमार को गिरफ्तार कर लिया। इसके साथ ही, पीड़िता का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है।
आरोपितों का लंबा आपराधिक इतिहास
ग्रामीण एसपी के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए आरोपित सोनू कुमार और निरंजन का पहले से ही एक लंबा आपराधिक इतिहास रहा है। सोनू के खिलाफ बाढ़ और खुसरुपुर थानों में मारपीट और रंगदारी जैसे गंभीर प्रकृति के आठ मामले दर्ज हैं। यह भी पता चला है कि दोनों आरोपित जमीन की दलाली का काम करते हैं और कई जमीन विवादों में मारपीट की घटनाओं में संलिप्त रहे हैं। पुलिस ने पूछताछ पूरी करने के बाद दोनों आरोपितों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। यह घटना एक बार फिर सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर बल देती है।
