| बस्तर; रेत-चूना पत्थर का ‘खेल’ पकड़ा गया! खनिज माफिया पर बड़ा शिकंजा, 6 वाहन जब्त |
बस्तर - जिले में खनिज संपदा की अवैध लूट पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए खनिज माफिया पर सख्त शिकंजा कसा है। कलेक्टर श्री आकाश छिकारा के कड़े निर्देशों के बाद जिले में अवैध उत्खनन और परिवहन के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत 6 वाहनों को जब्त किया गया है। जिला खनिज अधिकारी श्री शिखर चेरपा के मार्गदर्शन में खनिज जांच दल ने मांदर, रायकोट और कोड़ेनार क्षेत्रों में औचक निरीक्षण कर यह कार्रवाई की। जांच के दौरान कई वाहन बिना वैध अभिवहन पास (रॉयल्टी पर्ची) के रेत और चूना पत्थर का परिवहन करते पाए गए, जिसके बाद सभी वाहनों को मौके पर ही रोककर जप्त कर लिया गया और पुलिस अभिरक्षा में सौंप दिया गया।
मांदर क्षेत्र में रेत से लदे तीन वाहन पकड़े गए, वहीं रायकोट में एक हाईवा को चूना पत्थर के अवैध परिवहन में जब्त किया गया। कोड़ेनार क्षेत्र में भी दो टिप्पर रेत के साथ अवैध रूप से चलते हुए पकड़े गए। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सभी वाहन मालिकों और चालकों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। इनके विरुद्ध छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियमावली 2015 और खान एवं खनिज (विकास तथा विनियमन) अधिनियम 1957 के तहत कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
खनिज विभाग ने कहा कि बिना रॉयल्टी और वैध दस्तावेज के खनिज परिवहन पूरी तरह अवैध है और इसे किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विभाग ने यह भी चेतावनी दी है कि भविष्य में इस तरह की गतिविधियों पर और कठोर कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर के निर्देश पर जिले में खनिज चोरी रोकने के लिए औचक निरीक्षण अभियान लगातार जारी रहेगा, जिससे अवैध कारोबार में शामिल तत्वों में हड़कंप मचा हुआ है।
आज तक 24 न्यूज़ के प्रशासन से सवाल
- क्या यह अवैध खनिज परिवहन केवल छोटे वाहन मालिकों तक सीमित है, या इसके पीछे बड़े सप्लाई नेटवर्क और राजनीतिक संरक्षण की भी जांच होगी?
- जब 6 वाहन पकड़े गए, तो क्या विभाग यह बता सकता है कि पिछले महीनों में इसी रूट से कितनी बार अवैध खनिज बिना रोक-टोक के निकला है?
- क्या जब्त वाहनों और खनिज की पूरी ट्रैकिंग और निपटान प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से सार्वजनिक की जाएगी, या यह केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित रह जाएगी?